दुनिया एक संसार है, और जब तक दुख है तब तक तकलीफ़ है।
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Friday, September 7, 2007

मेरी पसंद के गीत- चार

सी.रामचंद्र एक बाग़ी संगीतकार थे, इस बात से मैं सहमत हूं.
सुनिये आज़ाद (1955) का ये गीत. लिखा है राजेंद्र कृष्ण ने.
लता मंगेशकर मेरी पसंदीदा गायिकाओं में नहीं हैं लेकिन ऊषा मंगेशकर ने इस गाने में एक अलग ही जोश भर दिया है.
मेरी पसंद श्रूंखला की चौथी कड़ी.